देश के 50 से अधिक जाने माने मुद्रा संग्राहक आएंगे, धोखाधड़ी और भ्रामक जानकारियों से आम लोगों को आगाह करेंगे
उद्घाटन करने अमेरिका से आएंगे मुख्य अतिथि, अनेक पुराने और दुर्लभ सिक्कों का होगा प्रदर्शन और खरीदी-बिक्री भी

इंदौर । इंदौर मुद्रा शोध न्यास एवं भार्गव ऑक्शंस द्वारा गाँधी हॉल में 13 से 15 फरवरी तक मनी मेला – 09 का वृहद आयोजन होने जा रहा है। भारत के गुप्तकाल “स्वर्ण युग के सिक्कों” के लेखक एवं संग्राहक संजीव कुमार शिवली कुमार गुप्त (अमेरिका) इस मेले का शुभारंभ करने मुख्य अतिथि के रूप में इंदौर आएँगे। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी अपने निवास पर गुप्त की पुस्तकों की प्रशंसा कर चुके हैं। 50 स्टाल्स वाले इस मेले में देश के प्रख्यात विद्वान, मुद्रा संग्राहक एवं व्यवसायी भी शामिल होंगे जहाँ देश के प्राचीन, मध्यकाल, मुगलकालीन एवं ब्रिटिश सरकार के समय के सिक्के देखे, ख़रीदे और बेचे जा सकेंगे। सोशल मीडिया पर सिक्कों और करेंसी नोटों के नाम पर हो रही धोखाधड़ी तथा भ्रामक जानकारियों से भी आम लोगों को इस मेले में आगाह किया जाएगा बल्कि ऐसे लोगों के लिए मेले में प्रवेश भी प्रतिबंधित रहेगा।
मुद्रा शोध न्यास के मुख्य ट्रस्टी एवं राष्ट्रीय मुद्रा परिषद के संयोजक गिरीश शर्मा आदित्य ने बताया कि इंदौर में 9वीं बार आयोजित हो रहे इस तीन दिवसीय मेले में अश्विनी शोध संस्थान महिदपुर के डॉ. रामचंद्र ठाकुर एवं इंदौर न्यू मिस्मेटिक एवं फिलेटेलिक सोसायटी के अध्यक्ष रवीन्द्र नारायण पहलवान स्वागताध्यक्ष मनोनीत किए गए हैं। मेले में देश के 11 प्रमुख मुद्रा संग्राहकों का सम्मान भी किया जाएगा। मेले में लगाए जाने वाले स्टाल्स पर आम जनता भी सिक्कों की पहचान तथा उनकी खरीदी बिक्री भी कर सकेगी। सांसद शंकर लालवानी एवं राज्य के जल संसाधन मंत्री तुलसी सिलावट सहित अनेक विशिष्ठ अतिथि इस मेले में आकर मुद्रा संग्राहकों का उत्साहवर्धन करेंगे। मेले में इंदौर के मुद्रा संग्राहक विराज भार्गव अपने शासकीय अनुमति प्राप्त विराज ऑक्शंस के माध्यम से 14 फरवरी को दोपहर में देश के अनमोल और दुर्लभ सिक्के नीलामी के माध्यम से संग्राहकों को उपलब्ध कराएंगे। इस मेले में देश-विदेश की प्राचीनतम और दुर्लभ सिक्कों से लेकर अन्य महत्वपूर्ण आइटम्स को पहली बार देख सकेंगे। इस मेले में विशेष रूप से करेंसी नोटों और मुद्राओं के नाम पर आम लोगों के साथ की जाने वाली झांसेबाजी एवं भ्रामक जानकारियां देकर गुमराह करने वाले तत्वों की गतिविधियों से आगाह करने पर भी जोर दिया जाएगा ताकि पेशेवर लोग आम लोगों के साथ किसी तरह की धोखाधड़ी नहीं कर सकें। मेले की व्यवस्थाओं के लिए एक समिति का गठन किया गया है जिसमें वरिष्ठ मुद्रा संग्राहक डॉ. शशिकांत भट्ट, दाऊलाल जौहरी, मेजर डॉ. गुप्ता, आलोक खादीवाला, मुन्ना भार्गव, लक्ष्मीकांत जैन, मनोज कुमार शास्त्री एवं राजेश शाह शामिल किए गए हैं।
