
इंदौर,
कलेक्टर श्री शिवम वर्मा ने बुधवार को इंदौर जिले के ग्रामीण क्षेत्रों का भ्रमण किया। भ्रमण के दौरान उन्होंने जल संरक्षण, वृक्षारोपण तथा प्राकृतिक संसाधनों के संरक्षण से संबंधित कार्यों का निरीक्षण किया। श्री वर्मा खंडवा रोड स्थित बाईग्राम, गाजिन्दा आदि ग्रामों में पहुंचे और संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए कि जल संरक्षण के ऐसे कार्य किए जाएं, जिनसे भू-जल स्तर में सार्थक सुधार लाया जा सके। जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्री सिद्धार्थ जैन, एसडीएम महू श्री राकेश परमार तथा नागरथ चैरिटेबल ट्रस्ट के श्री सुरेश एमजी आदि मौजूद थे।
कलेक्टर श्री वर्मा ने भूजल स्तर पर सुधार और जल संचयन हेतु ठोस कार्ययोजना तैयार करने के निर्देश भी दिए। इस अवसर पर बताया गया कि इस क्षेत्र में सुकड़ी, गंभीर और अजनार नदी पर जल संरक्षण कार्यों के लिये कार्ययोजना बनाई गई है। स्वीकृति के लिये शासन को भेजा गया है। योजना स्वीकृत होते ही कार्य प्रारंभ कर दिये जायेंगे। इन कार्यों से जल संरक्षण और भू-जल स्तर सुधार प्रभावी होंगे। कलेक्टर श्री वर्मा ने ग्रामीण अंचल की प्राकृतिक सुंदरता देखकर कहा कि इस क्षेत्र में पर्यटन की असीम संभावनाएं हैं, जिन्हें विकसित कर इको-टूरिज्म के रूप में बढ़ावा दिया जा सकता है। उन्होंने बताया कि इंदौर जिले में शीघ्र ही पर्यटन विलेज (Tourism Villages) विकसित किए जाएंगे, जहां पर्यटकों के लिए सभी आवश्यक सुविधाएं और संसाधन उपलब्ध कराए जाएंगे। इन पर्यटन ग्रामों में पर्यटकों के ठहरने हेतु इको हट्स (Eco Huts) भी निर्मित की जाएंगी। कलेक्टर श्री वर्मा ने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए कि इस दिशा में व्यापक कार्ययोजना तैयार कर शीघ्र क्रियान्वयन प्रारंभ किया जाए। उन्होंने कहा कि पर्यटन विलेज के संचालन की जिम्मेदारी स्वयं सहायता समूहों की महिलाओं को सौंपी जाएगी, जिससे ग्रामीण महिलाएं रोजगार से जुड़कर आत्मनिर्भर और आर्थिक रूप से सशक्त बन सकेंगी।
