भारतीय चिकित्सा पद्धति आयोग के सदस्य ने अस्पताल एवं महाविद्यालय का दौरा किया
शासकीय अष्टांग आयुर्वेद महाविद्यालय एवं चिकित्सालय में आंकलन एवं रेटिंग बोर्ड, भारतीय चिकित्सा पद्धति आयोग भारत सरकार के सदस्य डॉ सुश्रुत कनौजिया द्वारा बुधवार को अस्पताल एवं महाविद्यालय का भ्रमण किया गया। उनके द्वारा महाविद्यालय के छात्र-छात्राओं एवं शिक्षक व चिकित्सकों के साथ बैठक भी आयोजित की गई। डॉ. सुश्रुत ने महाविद्यालय एवं चिकित्सालय से संबंधित सुविधाओं के लिए आवश्यक सलाह दी। उन्होंने बताया कि भारत सरकार आयुष चिकित्सा पद्धति को बढ़ाने के लिए लगातार प्रगतिशील है। उन्होंने कहा कि हमें छात्रों के लिए ग्रुप लर्निंग शिक्षा पर जोर देना चाहिए, ताकि छात्रों का स्किल डेवलपमेंट हो और भविष्य में अपना प्रेजेंटेशन बेहतर तरीके से दे सके। डॉ. सुश्रुत ने बताया कि प्राचीन आयुर्वेद ग्रंथों का अध्ययन कर उनमें से मूल आवश्यक चिकित्सा संबंधी तत्व निकलने पर कार्य किया जा रहा है। महाविद्यालय के प्राचार्य डॉ. अजीत पाल सिंह चौहान ने बताया कि महाविद्यालय और अस्पताल को बेहतर तरीके से संचालित करने के लिए भारत सरकार के निर्देशों का पालन किया जा रहा है। डॉ. शैलेश शुक्ला द्वारा स्वागत किया गया। सभी डॉक्टर ने अपनी शंकाओं को डॉ. सुश्रुत के सामने रखा। इस दौरान डॉ. अखलेश भार्गव प्रोफेसर शल्य तंत्र भी मौजूद थे।
