महिला एवं बाल विकास विभाग कार्यालय बागली के कम्प्यूटर ऑपरेटर प्रीतेश तंवर की शिकायत पर परियोजना अधिकारी रामप्रवेश तिवारी को लोकायुक्त पुलिस ने 5000/- रुपए लेते हुए रंगे हाथों गिरफ्तार किया हालांकि पुलिस को देखकर उन्होंने भागने की कोशिश की पर पुलिस ने उन्हें धर दबोचा ।
प्रीतेश ने बताया कि सेवा में वृद्धि के लिए तिवारी ने दो महीने की सैलरी मांगी थी दो किस्तों में 9-9 हजार रुपये देने की बात तय हुई थी जिसकी शिकायत प्रितेश तंवर ने लोकायुक्त उज्जैन में की । कुछ दिन पहले प्रीतेश ने 4000 रुपये दे दिए थे ।
आज देवास में कलेक्टर कार्यालय में मीटिंग में आए परियोजना अधिकारी रामप्रवेश तिवारी ने उज्जैन रोड पर जैसे ही 5000 की राशि ली, वैसे ही पहले से तैयार लोकायुक्त टीम सक्रिय हो गई। पकड़े जाने की शंका देखकर परियोजना अधिकारी ने अपनी कार भगाई, लेकिन कुछ दूर पीछा करने के बाद टीम ने दबोच लिया।लोकायुक्त डीएसपी ने बताया मामले में भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत केस दर्ज किया जा रहा है।
