आश्रम के 51 विद्वानों एवं सैकड़ों भक्तों ने की चारों प्रहर पूजा-अर्चना – फलों के रस से किया रूद्राभिषेक

इंदौर। विमानतल मार्ग स्थित श्री श्रीविद्याधाम परिसर पर शिव नवरात्रि के उपलक्ष्य में महामंडलेश्वर स्वामी चिन्मयानंद सरस्वती के सानिध्य में आश्रम के 51 विद्वानों, 151 वेदपाठी बटुकों एवं सैकड़ों भक्तों ने चारों प्रहर आराधना की और पूजा के दौरान भगवान शिव का आम, अंगूर, अनार, संतरा, गन्ना, पान एवं अन्य फलों के रस से रूद्राभिषेक भी किया।
आश्रम परिवार के सुरेश शाहरा, पं. दिनेश शर्मा एवं राजेन्द्र महाजन ने बताया कि संध्या को 108 दीपों से महाआरती के बाद चारों प्रहर विशेष आराधना का क्रम शुरू हुआ, जो सोमवार सुबह 5 बजे तक चलेगा। इसके पूर्व अभिषेकात्मक रूद्राभिषेक में भी सैकड़ों श्रद्धालु शामिल हुए। शिवरात्रि के उपलक्ष्य में परिसर स्थित शिव मंदिर पर भगवान भवानी शंकर, उनके पुत्र गणेशजी एवं अन्य सभी देवालयों में मनोहारी श्रृंगार के बाद 56 भोग भी समर्पित किए गए। रविवार को गोधूलि बेला में मंडप सजाकर बर्फ से आच्छादित मंडप में दूल्हे के रूप में बारात ले जाते हुए भगवान भोलेनाथ का श्रृंगार किया गया। अंगूर एवं पाइनेपल से श्रृंगारित लग्नवेदी में 51 विद्वानों एवं स्वामी गिरिजानद सरस्वती वेद वेदांग विद्यापीठ के 151 बटुकों ने वैदिक मंत्रोच्चार के बीच विभिन्न अनुष्ठान संपन्न कराए। सैकड़ों श्रद्धालु भी इस दौरान उपस्थित रहे। मंदिर पर पूरी रात सैकड़ों श्रद्धालुओं ने रतजगा कर भगवान शिवाशिव की आराधना की।
