
धार्मिक-सांस्कृतिक आयोजनों की अनुमति प्रक्रिया सरल बनाने के लिए प्रशासन की समन्वय बैठक
इंदौर।
इंदौर में होने वाले बड़े धार्मिक और सांस्कृतिक आयोजनों के लिए अनुमति लेने की जटिल प्रक्रिया को सरल बनाने की दिशा में प्रशासन ने पहल शुरू कर दी है। आयोजनकर्ताओं को कई विभागों के चक्कर लगाने और विभिन्न प्रकार के टैक्स व अनुमतियों से जुड़ी परेशानियों को देखते हुए सिंगल विंडो सिस्टम लागू करने की तैयारी की जा रही है।कोठी में महापौर पुष्यमित्र भार्गव की अध्यक्षता में आयोजित बैठक में नगर निगम के अपर आयुक्त आकाश सिंह, एडीएम रोशन राय, डीसीपी प्रमोद सोनकर, आबकारी कंट्रोलर देवेश चतुर्वेदी, फायर विभाग से रघुवंशी सहित शहर के कई इवेंट ऑर्गेनाइजर मौजूद रहे।बैठक में पुलिस, नगर निगम, जिला प्रशासन, बिजली विभाग सहित अन्य संबंधित विभागों के अधिकारियों ने भाग लिया। इस दौरान चर्चा की गई कि किस तरह ऐसी व्यवस्था विकसित की जाए, जिससे आयोजकों को एक ही स्थान पर सभी आवश्यक अनुमतियाँ मिल सकें और उन्हें अलग-अलग विभागों के चक्कर न लगाने पड़ें।
बैठक में यह भी बताया गया कि देश के कई बड़े शहरों मुंबई, हैदराबाद, बेंगलुरु और अहमदाबाद में इस तरह की व्यवस्था लागू करने के प्रयास किए जा चुके हैं। इंदौर में भी उसी मॉडल को ध्यान में रखते हुए सिंगल विंडो सिस्टम विकसित करने की योजना बनाई जा रही है।अधिकारियों के अनुसार, इस व्यवस्था से शहर में होने वाले आयोजनों को बढ़ावा मिलेगा और इवेंट इंडस्ट्री को भी नई पहचान मिलेगी। साथ ही इंदौर की ब्रांडिंग देश के प्रमुख आयोजन शहरों में करने में मदद मिलेगी।बैठक में आए सुझावों के आधार पर ऐसी प्रणाली बनाने पर जोर दिया गया, जो आयोजकों और प्रशासन के बीच सेतु का काम करे। इससे कार्यक्रम आयोजित करने वालों को स्पष्ट जानकारी मिल सकेगी कि किस प्रकार की अनुमति लेना आवश्यक है और किन मामलों में अनुमति की जरूरत नहीं होगी।महापौर का मानना है कि सिंगल विंडो सिस्टम लागू होने से न केवल आयोजनकर्ताओं की परेशानी कम होगी, बल्कि शहर की छवि भी बेहतर बनेगी और इंदौर बड़े आयोजनों के लिए और अधिक आकर्षक केंद्र के रूप में उभर सकेगा।
