48 मिनिट तक संसारी जीवन से दूर रहेंगे सैकड़ों समाज बंधु
शनिवार को मुमुक्षु कौशिक का वर्षीदान वरघोडा- रविवार को होगी दीक्षा विधि

इंदौर,। रेसकोर्स रोड स्थित श्वेताम्बर जैन उपाश्रय पर चल रहे हैदराबाद के आर्किटेक्ट कौशिक कुमार खांटेड के दीक्षा महोत्सव में गुरुवार को सुबह आचार्य प.पू. विजय पद्मभूषणरत्न सूरीश्वर म.सा., आचार्य देव प.पू. विजय जिनसुंदर सूरीश्वर म.सा., आचार्य विजय धर्मबोधि सूरीश्वर म.सा. की पावन निश्रा में रेसकोर्स रोड स्थित मनमोहन पार्श्वनाथ जैन मंदिर पर शांतिधारा अभिषेक पूजन का आयोजन सम्पन्न हुआ, जिसमें 50 से अधिक साधु-साध्वी-भगवंतों एवं सैकड़ों श्रावक-श्राविकाओं ने सौल्लास अपनी भागीदारी दर्ज कराई। इस अवसर पर पार्श्वनाथ सोसाइटी के ट्रस्टी हिम्मतलाल संघवी, धनराज संघवी ने मुमुक्षु का बहुमान किया।
युग प्रधान परिवार के विनोद जैन, रितेश जारोली, सोमिल कोठारी एवं मनीष शाह तथा रेसकोर्स रोड की ओर से डॉ. प्रकाश बांगानी, यशवंत जैन, कीर्ति भाई डोसी, विकास गांधी सहित अनेक समाजबंधु उपस्थित थे। शुक्रवार को सुबह 7.30 बजे से नवकार परिवार द्वारा समूह सामायिक का विशाल आयोजन होगा जिसमें शामिल होने वाले 400 समाजबंधु 48 मिनिट दिन तक संसारी जीवन से दूर रहकर, बिना मोबाइल, टीवी के पूरी एकाग्रता के साथ मुमुक्षु कौशिक कुमार के वैराग्य जीवन की धन्यता की प्रार्थना करेंगे। दोपहर 2.30 बजे से शहर की सभी श्वेताम्बर जैन महिलाओं की सांझी तथा शाम 7 बजे मुमुक्षु की रजवाड़ी शोभायात्रा निकाली जाएगी।
शनिवार 22 नवंबर को रेसकोर्स रोड उपाश्रय से मुमुक्षु कौशिक कुमार का वर्षीदान वरघोडा सुबह 8.30 बजे प्रारंभ होकर बैंड-बाजों सहित बास्केटबाल स्टेडियम पहुंचेगा। सभी जैनाचार्य एवं साधु-साध्वी-भगवंत भी वरघोडे में शामिल रहेंगे। इस दौरान मुमुक्षु एक बग्घी में सवार होकर अपने संसारी जीवन के काम आने वाली वस्तुओं को लुटाते हुए चलेंगे। सुबह 10 बजे बैठा वर्षीदान एवं धर्मसभा तथा दीक्षा के मुख्य चढ़ावे के बाद दोपहर 4 बजे कौशिक कुमार का संसारी वेश में अंतिम भोजन होगा। शाम 7.30 बजे वे संसारी जीवन के अपने परिजनों, स्नेहीजनों एवं मित्रों से अंतिम विदाई लेंगे।
दीक्षा विधि रविवार को सुबह 7 बजे महामंगलकारी दीक्षा की शास्त्रोक्त विधि जैनाचार्यों एवं साधु-साध्वी-भगवंतों की पावन निश्रा में प्रारंभ होगी, जो लगभग 4 से 5 घंटे में सम्पन्न होगी। शहर के सभी प्रमुख जैन श्रीसंघों के पदाधिकारी भी इस प्रसंग के साक्षी बनेंगे। देशभर के समाजबंधुओं के आगमन का सिलसिला मंगलवार से ही जारी है।
