
दलाल बाग पर ‘एक शाम राष्ट्र के नाम’ के रंगारंग आयोजन में बार-बार भारत माता की जय और वन्दे मातरम की गूँज होती रही-आज तिरंगा यात्रा भी
इंदौर दलाल बाग़ पर राष्ट्रसंत प.पू. श्री सुधासागर म.सा. के सानिध्य में चल रहे चातुर्मास के भव्य और दिव्य आयोजन में शुक्रवार रात को देशभक्ति पर आधारित गीत, भजन, नृत्य और नाट्य मंचन का रंगारंग आयोजन “एक शाम राष्ट्र के नाम” के अंतर्गत सम्पन्न हुआ जिसमें हजारों समाज बंधुओं ने शामिल होकर पूरे जोश और लगन से भारत माता की जय, वन्दे मातरम और जैनम जयति शासनम उद्घोष के बीच देर रात तक आनन्द लिया। इसके पूर्व सुबह जिज्ञासा समाधान कार्यक्रम के तहत राष्ट्रसंत ने समाज के सभी संगठनों का आह्वान किया कि वे वर्ष में एक बार कम से कम १० दिनों के लिए धर्म, संस्कृति और राष्ट्र के बारे में विचार मंथन करें और अपने युवाओं को देश की आज़ादी सहित जैन धर्म के प्रमुख संतों और विद्वानों के व्यक्तित्व और चरित्र से भी अवगत कराएं ताकि उन्हें पता चल सके कि आज़ादी का क्या मोल होता है और राष्ट्र धर्म का पालन सबसे जरुरी होता है।
दलाल बाग़ पर चल रहे चातुर्मास के दिव्य आयोजन में कल रात से ही देशभर के एक हजार से अधिक समाजबंधु इंदौर आए हुए हैं। तीन दिनों की लगातार छुट्टी के कारण भी दलाल बाग़ पर समाज बंधुओं के आगमन का सिलसिला लगातार जारी है। प्रारंभ में आयोजन समिति की ओर से नवीन गोधा, मनीष गोधा, अशोक डोसी, हर्ष जैन, आकाश जैन कोयला ने साधकों की अगवानी की। सुबह जिज्ञासा से समाधान सत्र के दौरान करीब एक घंटे से अधिक समय तक चले सत्संग में साधकों ने अनेक प्रश्न पूछे जिनका उत्तर देते हुए राष्ट्रसंत प.पू. सुधासागर म.सा. ने कहा कि समाज में बहुत से संगठन हैं जिन्हें वर्ष में कम से कम १० दिन के लिए समाज के युवाओं के लिए इस तरह के शिविरों का आयोजन करना चाहिए, जहाँ उन्हें धर्म, संस्कृति और देश के बारे में विस्तृत जानकारियां मिल सके। ऐसे कार्यक्रमों में समाज के विद्वानों को भी आमंत्रित करना चाहिए जो तरुणाई को जिन शासन की परम्पराओं, गौरवशाली इतिहास और राष्ट्र धर्म के बारे में भी विस्तृत जानकारी दे सकें।
रात्रि को दलाल बाग़ के विद्या-सुधा मंडल के सुसज्जित मंच पर “एक शाम राष्ट्र के नाम” कार्यक्रम का रंगारंग आयोजन हुआ जिसमें देश के ख्यातनाम कलाकारों ने अपनी-अपनी प्रभावी प्रस्तुतियां देकर समूचे सभामंडप को सम्मोहित और मंत्रमुग्ध बनाए रखा। ध्वनि एवं प्रकाश के अद्भुत और अनुपम संयोजन के बीच करीब १० रंगारंग प्रस्तुतियां हुईं जिनमें युवक-युवतियों ने राष्ट्र को समर्पित प्रस्तुतियों से ऐसा रंग जमाया कि दलाल बाग़ का सभामंडप और परिसर बार-बार भारत माता की जय, वन्दे मातरम और जय हिन्द-जय भारत तथा जैन जयति शासनम के उद्घोषों से गुंजायमान बना रहा। सभा मंडप में मौजूद अनेक साधक भी इस दौरान गीतों, भजनों और नृत्यों पर झूमते नजर आए। शनिवार 15 अगस्त को सुबह 7.15 बजे श्रीआदिनाथ दिगम्बर जैन मंदिर छत्रपति नगर से दलाल बाग स्थित विद्या-सुधा मंडप तक राष्ट्रसंत प.पू. विद्यासागर महाराज के सानिध्य में तिरंगा यात्रा निकाली जाएगी। दलाल बाग पर मंगलाचरण के तहत नृत्य के माध्यम से शानदार प्रस्तुति होगी। सुबह 7.45 बजे ध्वजा रोहण एवं ध्वज वन्दन तथा 8.15 बजे से राष्ट्रसंत के विशेष प्रवचन होंगे। उत्सव के मुख्य संयोजक सपना-मनीष गोधा, तृप्ति-हर्ष जैन, शिवानी-नवीन गोधा, रानी-अशोक डोसी, अंतिका-आनंद गोधा, दीपिका-आकाश जैन कोयला, संध्या-धर्मेन्द्र जैन, सोनम-गिरीश जैन, शचि-सौरभ बडजात्या, लीना-अक्षय कासलीवाल, अनिता-संजय सांवरिया एवं शिल्पी-राहुल जैन स्पोर्ट्स मनोनीत किए गए हैं। महिलाऐं केशरिया या हरी सारी तथा पुरुष वर्ग सफ़ेद परिधान में आएंगे। समाज बंधुओं से इस आयोजन में बच्चों को लेकर आने का विशेष आग्रह किया गया है।

