ब्रिटेन के पूर्व प्रधानमंत्री ऋषि सुनक की पत्नी अक्षता मूर्ति और इंफोसिस के सह-संस्थापक नारायण मूर्ति, सांसद सुधा मूर्ति भी हुई शामिल


इंदौर, अक्टूबर। ब्रिटिश काउंसिल इंडिया और इंडिया हैबिटैट सेंटर के सहयोग से ब्रिटेन की प्रख्यात कुचिपुड़ी नृत्यांगना और ब्रिटिश साम्राज्य पदक (बीईएम) से सम्मानित अरुणिमा कुमार के नृत्य समूह ने शुक्रवार की रात को अपनी नृत्य प्रस्तुतियों से सबका मन मोह लिया। ब्रिटेन के पूर्व प्रधानमंत्री ऋषि सुनक एवं श्रीमती अक्षता मूर्ति की बेटी तथा सांसद श्रीमती सुधा मूर्ति की नातिन अनुष्का और इंदौर के पर्यावरणविद महेश बंसल की बेटी स्वाति, नातिन अनवी सहित माँ-बेटी की तीन जोड़ियाँ इस नृत्य समूह का आकर्षण बनी रही।
इस अवसर पर कत्थक नृत्यांगना शोवना नारायण, भरतनाट्यम नृत्यांगना गीता चंद्रन, कुचिपुड़ी नृत्यांगना वनश्री राव और छऊ नृत्यांगना शशधर आचार्य जैसे दिग्गज कलागुरु, अक्षता मूर्ति, उनके माता-पिता सुधा मूर्ति लेखिका और इंफोसिस के सह-संस्थापक नारायण मूर्ति, सांसद राजीव शुक्ला, ब्रिटिश उच्चायुक्त लिंडी केमरून, ब्रिटिश काउंसिल इंडिया की कंट्री डायरेक्टर एलिसन बैरेट और दिल्ली सरकार के मंत्री कपिल मिश्रा भी शामिल हुए।
प्रदर्शन की शुरुआत अरुणिमा कुमार और उनकी पोलेंड से आई वरिष्ठ छात्राओं एवं इंदौर की बेटी स्वाति द्वारा सूर्य को समर्पित एक प्रस्तुति से हुई। इस नृत्य में शिव, कृष्ण, विष्णु, दुर्गा और काली जैसे देवताओं के भजन भारतीय पौराणिक कथाओं के आधार पर प्रस्तुत किए गए। इस शाम को हुई प्रस्तुतियों में अरुणिमा कुमार द्वारा कोरियोग्राफ किया गया एक ऐसा नाटक भी शामिल था जिसमें नाट्य निर्देशक सुनीत टंडन ने वायलिन की संगत पर शेक्सपियर सानेट का पाठ किया। इस प्रस्तुति में शेक्सपियर के शब्दों को भारतीय शास्त्रीय नृत्य की भाव भंगिमाओं के साथ प्रस्तुत किया गया। अरुणिमा ने पीतल की थाली के किनारे पर नृत्य कर तरंगम तकनीक का प्रदर्शन भी किया। इस आयोजन का समापन अच्युतम केशवम भजन के साथ हुआ जिसमें कृष्ण की बाल लीलाओं से लेकर द्रोपदी के वस्त्र हरण जैसे महाभारत कालीन पौराणिक दृश्यों को भी चित्रित किया गया था। कुल मिलाकर इंदौर की बेटी स्वाति और उनकी बेटी अनवी ने ब्रिटेन और पोलेंड के कलाकारों के साथ इस गौरवशाली मंच पर अपनी प्रस्तुतियां देकर इंदौर के नाम को देश के सांस्कृतिक पटल पर और अधिक गौरवशाली मुकाम पर पहुँचाने के प्रयास किया ।
